एक बार बादशाह ने बीरबल से पुछा: दुनिया (मनुष्य) की सबसे बड़ी इच्छा क्या है ! इंसान के साथ-साथ भगवान को भी वहीं रास्ता अपनाना पड़ा ।
बीरबल ने बादशाह से कहा: हुजुर इसका उत्तर में कल बता पाऊंगा, वहां खड़े कुछ लोग जो बीरबल से जलन करते थे, उन्होंने कहा: हुजूर इस बात का उत्तर बीरबल को भी नहीं पता आप बीरबल को अपने पद हटा दीजिए, हम बताएंगे इसका उत्तर । बीरबल ने कहां: हुजुर मैं तो इस बात का उत्तर कल ही बताऊंगा, लेकिन अभी जो मेरे पद की मांग कर रहे है उनसे उत्तर जरुर पुछना । बस बीरबल अपने घर चला गया,,बादशाह ने उन्हीं लोगों से पुछा: आप सब मिलकर ही बता दीजिए, दुनिया की सबसे बड़ी इच्छा क्या है ।
उन सब ने कहा: वे सब एक दुसरे का मुंह देख रहे थे,किसी को कुछ भी नहीं पता, बादशाह से बोले हमें तो इसका उत्तर नहीं पता, बादशाह ने कहा: आप सब को जवाब देना पड़ेगा वरना आपको दंड मिलेगा, उन्होंने सोचा ये कैसी आफत आ पड़ी, बादशाह ने कहा: जब तक मुझे इस बात का उत्तर नहीं मिलेगा,आप सब को माफ नहीं किया जायेगा, उन्होंने हाथ जोड़कर बादशाह से 1 घंटे की मौहलत ली,
एक ने कहां: अब क्या करे, दुसरा: इसका जबाव बीरबल के अलावा किसी को नहीं पता। फिर सभी जान बचाने के लिए बीरबल के पास गए, और बीरबल से कहने लगें, हमसे बहुत बड़ी भुल हो गई पद की आड़ में हमने बादशाह से सौदा कर बैठे ! अब बादशाह हम सब को कड़ी सज्जा देने वाला है, बस तुम (बीरबल) ही बचा सकते हो हमें,
बीरबल ने कहा: मैं तुम सब की जान बचा सकता हूं ! लेकिन जैसे मैं कहता हूं वैसे वैसे तुम सब करना पड़ेगा, वह सभी खुश हो गए ! बताओ हमें क्या करना पड़ेगा, बीरबल ने कहा: 4 लोग मेरी खटिया (चारपाई) उठाओ मैं इस पर बैठा रहूंगा,, 4 लोगों ने बीरबल की खटिया को उठा लिया, 1 को बोला तुम मेरा हुक्का पकड़ो, 1 जन को बोला तुम मेरे जूते अपने सिर पर रखो,, सबने वैसे ही किया जैसे जैसे बीरबल ने कहा । फिर बीरबल ने कहा अब मुझे बाज़ार से होकर बादशाह के दरबार में लेकर जाओ ।
अब बीरबल खटिया पर मस्ती से बैठकर जा रहा था, बादशाह के दरबार में पहुंचे तो एक क्षण बादशाह को लगा कोई और बादशाह मिलने आ रहा है, जब बादशाह ने बीरबल को चारपाई पर बैठा देख आश्चर्य में पड़ गए, बीरबल से बादशाह ने कहा: बीरबल में इस दरबार इस तरह (ठाकुराई) से कभी नहीं आया, बीरबल तुझे यह लोग इतनी प्रेम से या लेकर आए,, इसका कारण पूछा: खटिया पर बैठे-बैठे बीरबल ने कहा: हुजूर आपने आज मुझसे एक प्रश्न किया था, बस उसी का जवाब देने के लिए मैं यहां आया हूं, इन लोगों ने मुझे घर पर बैठने भी नहीं दिया, आपने पुछा: दुनिया में सबसे बड़ा या सबसे बड़ी इच्छा क्या है!
उत्तर: गरज एकमात्र ऐसी इच्छा है जो हर इंसान के जीवन से जुड़ी होती है, बीरबल ने कहा: हुजूर अब आप ही देख लीजिए अभी मैं चारपाई पर बैठा हूं ! यह वही चार लोग हैं, मुझे पद से हटाने की सोच रहे थे,, अभी मेरी खटिया उठा कर खड़े हैं, एक जन को देखो मेरा होगा पकड़ा खड़ा है,, और एक के सिर पर मेरे जूते है,, अभी गरज है तभी ये मेरे दास बने हुए हैं । ये सुनते ही सभी बहुत खुश हुए ।
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